पटना । बिहार की राजधानी पटना में पर लीक के विरोध में प्रदर्शन के दौरान जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव को शनिवार को हिरासत में ले लिया गया है। पटना से सामने आए वीडियो में देखा जा सकता है कि छात्रों और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई है। इस दौरान पुलिस ने छात्रों को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया और कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया। छात्र संगठनों ने पेपर लीक के विरोध में 25 सितंबर को बिहार बंद का आह्वान किया था। प्रदर्शनकारी छात्रों के समर्थन में तेज प्रताप यादव भी सड़क पर उतरे थे और इस दौरान पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। तेज प्रताप यादव ने कहा कि वह छात्रों के साथ खड़े हैं। पटना में पेपर लीक के विरोध में पिछले कई दिनों से लगातार प्रदर्शन चल रहा है। हालात को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस के जवानों को मौके पर तैनात किया गया है। नीट पेपर लीक के विरोध में पटना में हुए हिंसक प्रदर्शन के मामले में भाकपा (माले) के विधायक संदीप सौरभ को हिंसा भड़काने के आरोप में शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया गया। सौरभ ने 22 जुलाई को ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) द्वारा आयोजित विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया था। यह प्रदर्शन हिंसक हो गया था जिसमें भाजपा नेताओं पर हमला किया गया और उनके वाहनों में तोड़फोड़ की गई थी। इस मामले में सौरभ की भूमिका को लेकर एनडीए के विधायकों ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी और उन पर हिंसा भड़काने का आरोप लगाया था। बिहार में पिछले दिनों पटना के अलावा जहानाबाद, दरभंगा, कटिहार, बेगूसराय तथा राज्य के कई अन्य जिलों में प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों पर पथराव किया, बैरिकेड तोड़े तथा सरकारी एवं रेलवे की संपत्तियों में तोड़फोड़ की। इन प्रदर्शनों के सिलसिले में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इस बीच, बिहार सरकार ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को नीट पेपर लीक को लेकर हो रहे प्रदर्शनों से संवेदनशीलता और सावधानी के साथ निपटने का निर्देश दिया है। इससे पहले बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में हुई बैठक में पटना और अन्य जिलों की कानून-व्यवस्था की समीक्षा की गई थी।

